काव्यांजलि
Sunday, December 31, 2023
नूतन वर्ष मनाए
समृद्धि के अक्षत ले, किरण भोर को अर्घ्य चढ़ाए।
उम्मीदों के दीप सजाकर ,मन देहरी को तिलक लगाए।
द्वार द्वार बस्ती बस्ती में करुणा की ही अलख जगे,
आओ हम तुम मिल जुलकर ऐसे नूतन वर्ष मनाए।
डा अनिल जैन उपहार
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