काव्यांजलि
Tuesday, August 31, 2021
मुक्तक(संशोधि)
जिंदगी जंग है तो जंग लड़ेंगे हम भी।
रिक्त जीवन में कई रंग भरेंगे हम भी
किसी बंधन में बंधे हों ये जरूरी तो नहीं
राह कैसी भी हो पर संग चलेंगे हम भी ।
डॉ अनिल जैन उपहार
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